बिहार में शराबबंदी की उड़ेगी धज्जियां? अब विधान परिषद में उठी समीक्षा की मांग, तस्करों की चांदी पर बरसे राजद MLC!

Edited By: Jay Dubey
Updated At: 19 February 2026 18:45:31

पटना: बिहार शराबबंदी कानून पर फिर शुरू हुआ घमासान, सदन में गूंजी समीक्षा की मांग। Sub

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टाइम्स भारत न्यूज़: बिहार की बड़ी खबर

बिहार में शराबबंदी पर मचेगा घमासान? अब विधान परिषद में भी उठी समीक्षा की मांग, RJD एमएलसी ने गिनाए कानून के 'साइड इफेक्ट्स'

पटना: बिहार में शराबबंदी कानून को लेकर एक बार फिर सियासत गरमा गई है। विधानसभा के बाद अब बिहार विधान परिषद में भी इस कानून की समीक्षा की मांग जोर-शोर से उठने लगी है। बुधवार को सदन की कार्यवाही के दौरान राष्ट्रीय जनता दल (RJD) के विधान पार्षद विनोद कुमार जायसवाल ने राज्य में लागू शराबबंदी कानून पर कड़े सवाल खड़े किए और इसे 'दोतरफा नुकसानदेह' करार दिया। 

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युवा पीढ़ी हो रही बर्बाद, तस्कर हो रहे मालामाल ग्रामीण विकास विभाग के बजट पर चर्चा के दौरान राजद एमएलसी विनोद जायसवाल ने सरकार को घेरते हुए कहा कि शराबबंदी के कारण राज्य में 'सूखे नशे' (ड्रग्स) का चलन तेजी से बढ़ा है, जो युवा पीढ़ी को खोखला कर रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि शराबबंदी के नाम पर केवल पुलिस और तस्करों की चांदी हो रही है। जायसवाल के मुताबिक, "शराब की होम डिलीवरी बदस्तूर जारी है, जिससे एक तरफ राजस्व का भारी नुकसान हो रहा है, तो दूसरी तरफ अपराधी और तस्कर मालामाल हो रहे हैं।"

सत्ता पक्ष और विपक्ष में तीखी नोकझोंक सदन में चर्चा के दौरान उस वक्त गरमागरमी बढ़ गई जब भाजपा के अनिल कुमार ने होम डिलीवरी के मुद्दे पर राजद की ओर इशारा किया। इस पर पलटवार करते हुए विनोद जायसवाल ने खुली चुनौती दी और कहा, "सरकार जांच करा ले, जो भी दोषी या अपराधी हो उसे कड़ी सजा दी जाए, उन्हें रोका किसने है?" इस तीखे जवाब के बाद विपक्षी खेमे में सन्नाटा पसर गया।

बढ़ रहा है समीक्षा का दबाव गौरतलब है कि यह मांग केवल विपक्ष तक सीमित नहीं है। इससे पहले विधानसभा में सत्ता पक्ष के सहयोगी दल 'राष्ट्रीय लोक मोर्चा' के विधायक माधव आनंद ने भी शराबबंदी कानून की समीक्षा की वकालत की थी।

विपक्षी दलों और अब सहयोगियों की ओर से उठती इन आवाजों ने नीतीश सरकार के लिए असहज स्थिति पैदा कर दी है। सवाल यह उठता है कि क्या सरकार बढ़ते दबाव के बीच इस कानून के जमीनी असर का आकलन करने के लिए तैयार होगी?

ब्यूरो रिपोर्ट, टाइम्स भारत न्यूज़, पटना।

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